Songs of Shailendra::
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Rafi

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१९५९ – दीप जलता रहे – ना रो भई ना रो भई | 1959 – Deep Jalta Rahe – na ro bhai na ro bhai

ना रो भई ना रो भई ना रो भई ना मैं तेरा बंदर डुग-डुग नाचूँ, ना रो मेरी जाँ ना रो भई ना रो भई ना रो भई ना कहीं चली ना जाए मेरी नौकरी, ना रो मेरी जाँ साहब तो दफ़्तर में हैं अरे नौ सौ झगड़े घर में हैं लो मैं रोया, मुझीं … Continue reading →

१९५५ – चोरी चोरी – तुम अरबों का हेर-फेर करनेवाले | 1955 – Chori Chori – tum arbon ka her pher karnewale

तुम अरबों का हेर-फेर करनेवाले राम-जी सवा लाख की लाटरी भेजो अपने भी नाम जी पैसे-पैसे को जवानी मेरी तरसे सोते-सोते उठ जाऊँ बिस्तर से कब जाएगी ग़रीबी मेरे घर से तुम अरबों का हेर-फेर करनेवाले … कैसी प्यारी है ख़बर अख़बारों में लक्ष्मीदेवी होंगी अपने इशारों में होगा बंगला हमारा भी सितारों में तुम … Continue reading →

१९६५ – छोटे नवाब – इलाही तू सुन ले हमारी दुआ | 1965 – Chhote Nawab – ilahi tu sun le hamari dua

इलाही तू सुन ले हमारी दुआ हमें सिर्फ़ एक आसरा है तेरा तेरी रहमतें राह रौशन करें सलामत रहे साया माँ-बाप का इलाही तू सुन ले हमसे लेकर उम्र सारी, नींद दे-दे उन्हें दर्द उनके दे हमें बुरी ये घड़ी टाल दे, ऐ ख़ुदा इलाही तू सुन ले … नाज़ उठाए, जिसने पाला प्यार हरदम … Continue reading →

१९६५ – छोटे नवाब – मतवाली आँखोंवाले ओ अलबेले दिलवाले | 1965 – Chhote Nawab – matwali ankhonwale o albele dilwale

मतवाली आँखोंवाले, ओ अलबेले दिलवाले दिल तेरा हो रहेगा गर तू इसे अपना ले मतवाली आँखोंवाले तुझको शायद धोखा हो गया सुन ऐ हसीं, मैं वो नहीं, मैं वो नहीं तू है तो महफ़िल में रंग है तू जो नहीं, कुछ भी नहीं, कुछ भी नहीं मतवाली आँखोंवाले … जब से तुझको देखा एक नज़र … Continue reading →

१९५९ – छोटी बहन – मैं रिक्शावाला मैं रिक्शावाला | 1959 – Chhoti Bahen – main rikshavala main rikshavala

मैं रिक्शावाला, मैं रिक्शावाला है चार के बराबर ये दो टाँगवाला कहाँ चलोगे बाबू, कहाँ चलोगे लाला मैं रिक्शावाला, मैं रिक्शावाला दूर-दूर दूर कोई मुझको बुलाए, मुझको बुलाए क्या करूँ दिल उसे भूल ना पाए, भूल ना पाए मैं रिश्ते जोड़ूँ दिल के मुझे ही मंज़िल पे कोई ना पहुँचाए, कोई ना पहुँचाए मैं रिक्शावाला, … Continue reading →

१९६१ – बॉय फ़्रैंड – क्यूँ जी मुझे पहचाना | 1961 – Boy Friend – kyun ji mujhe pehchana

क्यूँ जी, मुझे पहचाना? ओहो, नहीं पहचाना! मैं भी दिलवाला, किसीका मतवाला ज़रा मेरी भी सुन जाना क्यूँ जी, मुझे पहचाना? ओहो, नहीं पहचाना! जाओ न मेरी सूरत पर ये सब है गर्दिश का असर अंदर से कुछ और हूँ मैं आता हूँ कुछ और नज़र क्यूँ जी, मुझे पहचाना? ओहो, नहीं पहचाना! … सीधी-सीधी … Continue reading →

१९६८ – ब्रह्मचारी – चक्के में चक्का चक्के पे गाड़ी | 1968 – Brahmachari – chakke mein chakka chakke pe gadi

चक्के में चक्का, चक्के पे गाड़ी गाड़ी में निकली अपनी सवारी थोड़े अगाड़ी, थोड़े पिछाड़ी थोड़े अगाड़ी, थोड़े पिछाड़ी चुन्नू छबीले, मुन्नु हठीले मखमल की टोपी, छोटू रंगीले लल्लू बटाटा, लल्ली टमाटा गामा बनेंगे गट्टू गठीले पेट में इनके लंबी-सी दाढ़ी चक्के में चक्का … उमर में कच्चे, ये छोटे बच्चे हैं भोले-भाले, हैं सीधे-सछे … Continue reading →

१९६७ – बदतमीज़ – हसीन हो तुम ख़ुदा नहीं हो | 1967 – Budtameez – haseen ho tum khuda nahin ho

हसीन हो तुम, ख़ुदा नहीं हो, तुम्हारा सिजदा नहीं करेंगे मगर मोहब्बत में हुक़्म दोगे, तो हँसते-हँसते ये जान भी देंगे हसीन हो तुम, ख़ुदा नहीं हो समझते हो ख़ुद को न जाने क्या तुम, कि सारी दुनिया को ख़ाक जाना ग़ुरूर का सर झुकेगा एक दिन, हँसेगा तुम पर भी ये ज़माना हमेशा ये … Continue reading →

१९६८ – ब्रह्मचारी – आजकल तेरे-मेरे प्यार के चर्चे हर ज़बान पर | 1968 – Brahmachari – aaj kal tere mere pyar ke charche har zaban par

आजकल तेरे-मेरे प्यार के चर्चे हर ज़बान पर सबको मालूम है और सबको ख़बर हो गई तो क्या! आजकल तेरे-मेरे प्यार के चर्चे हर ज़बान पर सबको मालूम है और सबको ख़बर हो गई हमने तो प्यार में ऐसा काम कर लिया प्यार की राह में अपना नाम कर लिया आजकल तेरे-मेरे … दो बदन … Continue reading →

१९६७ – बदतमीज़ – दिल को ना मेरे तड़पाओ | 1967 – Budtameez – dil ko na mere tadpao

दिल को न मेरे तड़पाओ, प्यार को मत ठुकराओ अब तो हमारे हो जाओ दिल को न मेरे तड़पाओ यूँ न रहेगा हरदम, हुस्न है आख़िर फ़ानी बँधके कहाँ रहता है, दरिया का बहता पानी चाँद से मत टकराओ, धरती पे वापस आओ अब तो हमारे हो जाओ दिल को न मेरे तड़पाओ छोड़ो चलन … Continue reading →