Songs of Shailendra::
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1950s

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१९५८ – बाग़ी सिपाही – चिंचना पापुल छुई-मुई मुझे छू न लेना | 1958 – Baaghi Sipahi – chinchana papul chhui mui mujhe chhoo na lena

चिंचना पपुल, चिंचना पपुल, चिंचना पपुल छुईमुई मैं, छू न लेना, मुझे छू न लेना आँख से आँख मिली, जाम पे जाम चले, मुफ़्त बदनाम हुए हम तेरी ये शोख़ नज़र, ठण्डी आहों का असर, तुझे पहचान गए हम चिंचना पपुल, चिंचना पपुल, चिंचना पपुल लेके मेरा दिल जाँ न लेना, मुझे छू न लेना … Continue reading

१९५८ – बाग़ी सिपाही – मान भी ले ऐ दिल तू अपनी ये हार | 1958 – Baaghi Sipahi – maan bhi le ae dil too apni ye haar

मान भी ले ऐ दिल तू अपनी ये हार किया नहीं जाता, हो जाता है प्यार मान भी ले ऐ दिल नए रंग लेके उतरती है शाम, जाने क्यूँ बनती-सँवरती है शाम आ हम भी सपनों की दुनिया सँवार लें झूम-झूम गाए ये पागल बहार किया नहीं जाता, हो जाता है प्यार मान भी ले … Continue reading

१९५८ – बाग़ी सिपाही – ऐ दिलबर दिलवाले प्यार पे मरनेवाले | 1958 – Baaghi Sipahi – ae dilbar dilwale pyar pe marnewale

ऐ दिलबर दिलवाले, प्यार पे मरनेवाले दिल की लगी यूँ न बुझी, आग से आग बुझा ले ऐ दिलबर दिलवाले दूर-दूर-दूर से ये खेल किस काम के देख-देख-देख जानाँ, दामन को थामके छेड़के साज़-ए-दिल को, फिर वो तराना गा ले दिल की लगी यूँ न बुझी, आग से आग बुझा ले ऐ दिलबर दिलवाले झूम-झूम-झूमके … Continue reading

१९६० – अनुराधा – कैसे दिन बीते कैसे बीतीं रतियाँ | 1960 – Anuradha – kaise din beete kaise beeti ratiyan

कैसे दिन बीते, कैसे बीतीं रतियाँ पिया जाने ना नेहा लगाके मैं पछताई सारी-सारी रैना निंदिया ना आई जानके देखो मेरे जी की बतियाँ पिया जाने ना हाय, कैसे दिन बीते … रुत मतवाली आके चली जाए मन ही मेरे मन की रही जाए खिलने को तरसे नन्ही-नन्ही कलियाँ पिया जाने ना हाय, कैसे दिन … Continue reading

१९६० – अनुराधा – साँवरे साँवरे | 1960 – Anuradha – sanware sanwre

साँवरे साँवरे, जाओ, साँवरे साँवरे काहे मोसे करो जोरा-जोरी बैंया ना मरोड़ो मोरी दूँगी दूँगी गारी, हटो जाओ जी साँवरे साँवरे संग ना सहेली, पायके अकेली अब लाज आत हे मोरे श्याम रोको ना डगर मोरी साँवरे साँवरे … गोपी, ग्वाले, देखनेवाले बिन विचार कहेंगे सारे पकड़ी राधा की चोरी साँवरे साँवरे … मुरली बजाओ, … Continue reading

१९५४ – अमानत – जबसे मिलीं तोसे अँखियाँ | 1954 – Amaanat – jab se milin tose ankhiyan

ओ जबसे मिलीं तोसे अँखियाँ, जियरा डोले रे डोले हो डोले हो मीठे-मीठे प्यार के ये हिंचकोले, जिया डोले रे डोले हो डोले ओ जबसे मिलीं तोसे अँखियाँ डोले हे डोले ये दिल की दुनिया, मैं नहीं अपने बस में वो मन में छुपा एक चोर है जो, मेरे जी की बतियाँ खोले ओ जबसे … Continue reading

१९५४ – अमानत – मेरी वफ़ाएँ तुम्हारी जफ़ाएँ | 1954 – Amaanat – meri vafayein tumhari jafayein

मेरी वफ़ाएँ, तुम्हारी जफ़ाएँ आँसू लिखेंगे फ़साना मेरे प्यार का हाय रे हाय रे, जान क्यूँ ना जाए रे क्या रखा है जीने में, जलते आँसू पीने में हाय रे हाय रे, जान क्यूँ ना जाए रे मेरी वफ़ाएँ हमें क्या ख़बर थी, बदल जाओगे तुम किसी और के होके तड़पाओगे तुम मेरा तड़पना, तेरा … Continue reading

१९५२ – अनहोनी – मेरे दिल की धड़कन क्या बोले क्या बोले | 1952 – Anhonee – mere dil ki dhadkan kya bole

मेरे दिल की धड़कन क्या बोले? क्या बोले? मैं जानूँ और तू जाने, मैं जानूँ और तू जाने मेरा प्यारभरा मन क्यूँ डोले? क्यूँ डोले? मैं जानूँ और तू जाने, मैं जानूँ और तू जाने चली गई रात मदभरी हवाओं की डोली पे होके सवार दे गई चाँद की परी निगाहों को सपनों का पागल … Continue reading

१९६० – अनुराधा – हाय रे वो दिन क्यूँ ना आए | 1960 – Anuradha – haay re wo din kyun na aaye

हाय रे वो दिन क्यूँ ना आए जा-जाके ऋतु लौट आए हाय रे वो दिन क्यूँ ना आए झिलमिल वो तारे, कहाँ गए सारे मन-बाती जले, बुझ जाए हाय रे वो दिन क्यूँ ना आए … सूनी मेरी बीना संगीत बिना सपनों की माला मुरझाए हाय रे वो दिन क्यूँ ना आए … haay re … Continue reading

१९६० – अनुराधा – जाने कैसे सपनों में खो गईं | 1960 – Anuradha – jane kaise sapnon mein kho gayin

जाने कैसे सपनों में खो गईं अँखियाँ मैं तो हूँ जागी, मोरी सो गईं अँखियाँ अजब दीवानी भईं, मोसे अनजानी भईं पल में पराई देखो हो गईं अँखियाँ मैं तो हूँ जागी, मोरी सो गईं अँखियाँ जाने कैसे सपनों में … बरसी ये कैसी धारा, काँपे तन-मन सारा रंग से अंग भिगो गईं अँखियाँ मैं … Continue reading