जवाँ है जहाँ झूम उठी हर नज़र मैं हूँ कि है ज़िंदगी ज़हर नज़र ढूँढ़ती है न जाने किसे ये अरमाँ बुलाते हैं जाने किसे हुई मुद्दतें सूना-सून है घर मैं हूँ कि है ज़िंदगी ज़हर ओ हाय तेरी बेवफ़ाई मुझे मौत भी न आई मेरी हर दुआ हर सदा बेअसर मैं हूँ कि है … Continue reading
जा जा जा रे जा रे जा रे, रन्ज-ओ-ग़म के अँधेरे तू जा तेरा-मेरा साथ क्या रे, तू मेरे दिल की दुनिया से जा जा जा जा रे जा रे जा उम्मीदों ने छेड़ा ख़ुशी का ये तराना निगाहों ने सीखा है फिर से मुस्कुराना जा जा जा रे … मोहबत की ऐसी घड़ी आ … Continue reading
दुनिया की किताबों से एक दिन, मुश्किल का नाम मिट जाएगा इन्साँ के इरादों के आगे, अंबर भी सर को झुकाएगा दुनिया की किताबों से एक दिन, मुश्किल का नाम मिट जाएगा हम अपनी लगन के दीवाने, तूफ़ाँ से भी टकरा जाएँगे अब झुक ना सकेंगे ऐ दुनिया, हम टूट भले ही जाएँगे जीवन की … Continue reading
आहा ले गई, हो जिया ले गई छबी सुंदर-सलोने गोपाल की मन भायी सूरत नंदलाल की आहा ले गई कुंजबन में वो बंसी बजाए रे मोहे करके इशारे बुलाए रे खिंची जाऊँ मैं चंचल पतंग-सी जैसे चाहे वो मुझको नचाए रे कुछ न पूछे कोई, सबकी हालत वही उठती गई हालचाल की आहा ले गई … Continue reading
दर्द-ए-उल्फ़त छुपाऊँ कहाँ दिल की दुनिया बसाऊँ कहाँ दर्द-ए-उल्फ़त छुपाऊँ कहाँ चुपके-से वो मेरे दिल में समाए उन्हें लेके जाऊँ कहाँ दर्द-ए-उल्फ़त छुपाऊँ कहाँ चाहत है नाज़ुक, ज़ालिम है ज़माना मैं बचके भी जाऊँ कहाँ दर्द-ए-उल्फ़त छुपाऊँ कहाँ उन्हें देख शर्माके पूछा नज़र ने वो आए, बिठाऊँ कहाँ दर्द-ए-उल्फ़त छुपाऊँ कहाँ dard-e-ulfat chhupaa_uu.N kahaa.N dil … Continue reading
दर्द-ए-जिगर ठहर ज़रा, दम तो मुझे लेने दे जिसने मिटाया है मुझे, उसको दुआ देने दे दर्द-ए-जिगर ठहर ज़रा दिल की लगी क्या है जान लूँ तो बहुत अच्छा हो मैं जो घुट-घुटके जान दूँ तो बहुत अच्छा हो कल जहाँ बसाया था, आज मिटा लेने दे दर्द-ए-जिगर ठहर ज़रा मेरी बर्बाद मोहब्बत न कर … Continue reading
बेरहम, मार डालेगा मुझको तेरा ग़म अब तो आजा, मेरे बालम, अब तो आजा ये समाँ, ओ सनम, बेबसी का ये आलम अब तो आजा, मेरे बालम, अब तो आजा हमने माना हमारा क़सूर है देके दिल दर्द होता ज़रूर है दर्द में मुस्कुराना सिखा जा, आजा अब तो आजा, मेरे बालम, अब तो आजा … Continue reading
१९५६, १९५७, १९५८, १९५९ दुनिया का ढांचा बदला, क़िस्मत का सांचा बदला आँखें तो खोलो ज़रा, लाला हो कहाँ ताज निराले, राज निराले, जीवन के सारे साज़ निराले महफ़िल-महफ़िल घूम धरतीके जाएँ, अंबर पे छाएँ फैलाके बाँहें चँदा बुलाए आ तारों को चूम 1959, 1959, 1959 1956, 1957, 1958, 1959 कल की कहानी हो गई … Continue reading
चाहा था बनूँ प्यार की राहों का देवता मुझको बना दिया है गुनाहों का देवता ये ज़िंदगी एक ख़्वाब है, जीना भी है नशा दो घूँट मैंने पी लिए, तो क्या बुरा किया रहने दो जाम सामने, सबकुछ यही तो है हर ग़मज़दा के आँसुओं-आहों का देवता मुझको बना दिया है गुनाहों का देवता क़िस्मत … Continue reading
il est belle, आ रे, दिन हैं प्यारे-प्यारे mon chou, tu mon cheri, तू मेरा मैं तेरी ऐसे में तू आजा रे, ऐसे में तू आजा रे उल्फ़त की है ये नशीली हवा पत्थर का दिल पानी-पानी हुआ काली घटा आई बलखाती, देखो इठलाती il est belle, आ रे … देखा है तुझे कहीं ना … Continue reading