गोरी, बाबुल का घरवा अब है बिदेसवा साजन के चरणों में घर है तेरा ओ गोरी, चार दीवारी, अंगना, अटारी यही तेरी दुनिया, ये जग है तेरा गोरी, बाबुल का घरवा आई है तू, बगिया में जैसे बहार आई रे आँचल में प्यार, अँखियों में सपने हज़ार लाई रे बड़ी गहरी नदिया के पार आई … Continue reading
घर आजा घिर आए बदरा साँवरिया मोरा जिया धक-धक रे, चमके बिजुरिया घर आजा घिर आए सूना-सूना घर मोहे डसने को आए रे खिड़की पे बैठे-बैठे सारी रैन जाए रे टप-टीप सुनत मैं तो भई रे बाँवरिया घर आजा घिर आए कसमस जियरा, कसक मोरी दूनी रे प्यासी-प्यासी अँखियों की गलियाँ हैं सूनी रे जाने … Continue reading
इलाही तू सुन ले हमारी दुआ हमें सिर्फ़ एक आसरा है तेरा तेरी रहमतें राह रौशन करें सलामत रहे साया माँ-बाप का इलाही तू सुन ले हमसे लेकर उम्र सारी, नींद दे-दे उन्हें दर्द उनके दे हमें बुरी ये घड़ी टाल दे, ऐ ख़ुदा इलाही तू सुन ले … नाज़ उठाए, जिसने पाला प्यार हरदम … Continue reading
मतवाली आँखोंवाले, ओ अलबेले दिलवाले दिल तेरा हो रहेगा गर तू इसे अपना ले मतवाली आँखोंवाले तुझको शायद धोखा हो गया सुन ऐ हसीं, मैं वो नहीं, मैं वो नहीं तू है तो महफ़िल में रंग है तू जो नहीं, कुछ भी नहीं, कुछ भी नहीं मतवाली आँखोंवाले … जब से तुझको देखा एक नज़र … Continue reading
बाग़ों में बहारों में, इठलाता गाता आया कोई नाज़ुक-नाज़ुक कलियों के दिल को धड़काता आया कोई आया कोई, आया कोई, आया कोई, होय बाग़ों में बहारों में … भीनी हवा ऊदी घटा, कहे तेरे आँगन में बरसेगा प्यार फूलों के हार लेके बहार, करने को आई मेरे सोलह-सिंगार रंगों की उमंगों की गागर छलकाता आया … Continue reading
बड़ी दूर से आई हूँ. मैं तेरा दिल बहलाने मैं तो तेरी हो चुकी, कोई माने ना माने बड़ी दूर से आई हूँ बेज़ार हो गया तू, जब थकके सो गया तू बेहोश होके मेरे सपनों में खो गया तू तो मैं चोरी-से आकर, बैठी तेरे सिरहाने मैं तो तेरी हो चुकी, कोई माने ना … Continue reading
भैय्या मेरे, राखी के बँधन को निभाना भैय्या मेरे, छोटी बहन को ना भुलाना देखो ये नाता निभाना, निभाना भैय्या मेरे, … ये दिन ये त्यौहार ख़ुशीका, पावन जैसे नीर नदीका भाई के उजले माथे पे बहन लगाए मंगल टीका झूमे ये सावन सुहाना, सुहाना भैय्या मेरे, राखी के बँधन को निभाना … बाँधके हमने … Continue reading
मैं रिक्शावाला, मैं रिक्शावाला है चार के बराबर ये दो टाँगवाला कहाँ चलोगे बाबू, कहाँ चलोगे लाला मैं रिक्शावाला, मैं रिक्शावाला दूर-दूर दूर कोई मुझको बुलाए, मुझको बुलाए क्या करूँ दिल उसे भूल ना पाए, भूल ना पाए मैं रिश्ते जोड़ूँ दिल के मुझे ही मंज़िल पे कोई ना पहुँचाए, कोई ना पहुँचाए मैं रिक्शावाला, … Continue reading
ये कैसा न्याय तेरा, दीपक तले अँधेरा किसीको दी निगाह, राह छीन ली किसीको राह दी, निगाह छीन ली ये कैसा न्याय तेरा, दीपक तले अँधेरा तक़्दीर हमसे रूठी, अपने हुए पराए जाने कहाँ चले हैं, जाने कहाँ से आए चारों तरफ़ अँधेरा, बरबादियों ने घेरा किसीको दी निगाह, राह छीन ली किसीको राह दी, … Continue reading
लकडी जल कोयला भई, कोयला जल भयो राख मैं पापन ऐसी जली, न कोयला भई न राख मोरी बाली रे उमरिया, अब कैसे बीते राम रो-रोके बोली राधा, मोहे तजके गयो श्याम मोरी बाली रे उमरिया जो छोड़के ही जना था, तूने काहे को प्रीत लगाई मेरे मीत तेरा क्या बिगड़ा, मेरी हो गई जगत-हँसाई … Continue reading