Songs of Shailendra::
archives

Mumtaz

This tag is associated with 2 posts

१९६६ – सूरज – तितली उड़ी, उड़ जो चली | 1966 – Suraj – titli udi, ud jo chali

तितली उड़ी, उड़ जो चली फूल ने कहा, आजा मेरे पास तितली कहे, मैं चली आकाश खिले हैं गगन में तारों के जो फूल वहीं मेरी मंज़िल कैसे जाऊँ भूल जहाँ नहीं बंधन, ना कोई दीवार जाना है मुझे वहाँ बादलों के पार तितली उड़ी, उड़ जो चली … फूल ने कहा, तेरा जाना है … Continue reading →

१९६८ – ब्रह्मचारी – आजकल तेरे-मेरे प्यार के चर्चे हर ज़बान पर | 1968 – Brahmachari – aaj kal tere mere pyar ke charche har zaban par

आजकल तेरे-मेरे प्यार के चर्चे हर ज़बान पर सबको मालूम है और सबको ख़बर हो गई तो क्या! आजकल तेरे-मेरे प्यार के चर्चे हर ज़बान पर सबको मालूम है और सबको ख़बर हो गई हमने तो प्यार में ऐसा काम कर लिया प्यार की राह में अपना नाम कर लिया आजकल तेरे-मेरे … दो बदन … Continue reading →