Songs of Shailendra::
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1967

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१९६७ – छोटी-सी मुलाक़ात – कल नहीं पाए जिया मोरे पिया तुम बिन | 1967 – Chhoti Si Mulaqat – kal nahin paye jiya o more piya tum bin

कल नहीं पाए जिया, मोरे पिया तुम बिन कल नहीं पाए जिया, मोरे पिया सज सोलह-सिंगार खड़ी मैं पंथ निहारूँ घड़ी-घड़ी मैं सूना सब जग रसिया, मोरे पिया तुम बिन कल नहीं पाए जिया, मोरे पिया आँगन जाऊँ, अटारी जाऊँ साँझ भए से आस लगाऊँ जलूँ जैसे जले दिया, मोरे पिया तुम बिन कल नहीं … Continue reading →

१९६७ – छोटी-सी मुलाक़ात – मत जा मत जा मेरे बचपन | 1967 – Chhoti Si Mulaqat – mat ja mat ja mere bachpan

मत जा मत जा मत जा, मेरे बचपन नादाँ बचपन ने कहा मुझसे, कुछ रोज़ के हम मेहमाँ जबसे ये रुत मतवाली आई है मेरे आँगन रहते हैं खिंचे-से नैना, रूठा रहता है मन अपने रूठे मन को मैं लेकर जाऊँ कहाँ बचपन ने कहा मुझसे, कुछ रोज़ के हम मेहमाँ मत जा मत जा … Continue reading →

१९६७ – छोटी-सी मुलाक़ात – जीवन के दो राहे पर खड़े सोचते हैं हम | 1967 – Chhoti Si Mulaqat – jeewan ke do rahe pe jhade sochte hain hum

जीवन के दो-राहे पे खड़े, सोचते हैं हम जाएँ तो किधर जाएँ ताने है दिल इधर को तो, खींचें उधर क़दम जाएँ तो किधर जाएँ जीवन के दो-राहे पे खड़े, सोचते हैं हम हर मोड़ पे देता है ये संसार दुहाई हर गाम पे देता है मेरा प्यार दुहाई इस रास्ते में मंदिर हैतो उस … Continue reading →

१९६७ – बदतमीज़ – हसीन हो तुम ख़ुदा नहीं हो | 1967 – Budtameez – haseen ho tum khuda nahin ho

हसीन हो तुम, ख़ुदा नहीं हो, तुम्हारा सिजदा नहीं करेंगे मगर मोहब्बत में हुक़्म दोगे, तो हँसते-हँसते ये जान भी देंगे हसीन हो तुम, ख़ुदा नहीं हो समझते हो ख़ुद को न जाने क्या तुम, कि सारी दुनिया को ख़ाक जाना ग़ुरूर का सर झुकेगा एक दिन, हँसेगा तुम पर भी ये ज़माना हमेशा ये … Continue reading →

१९६७ – बदतमीज़ – दिल को ना मेरे तड़पाओ | 1967 – Budtameez – dil ko na mere tadpao

दिल को न मेरे तड़पाओ, प्यार को मत ठुकराओ अब तो हमारे हो जाओ दिल को न मेरे तड़पाओ यूँ न रहेगा हरदम, हुस्न है आख़िर फ़ानी बँधके कहाँ रहता है, दरिया का बहता पानी चाँद से मत टकराओ, धरती पे वापस आओ अब तो हमारे हो जाओ दिल को न मेरे तड़पाओ छोड़ो चलन … Continue reading →

१९६७ – अराउंड द वर्ल्ड – दुनिया की सैर कर लो | 1967 – Around The World – duniya ki sair kar lo

दुनिया की सैर कर लो, दुनिया की सैर कर लो इन्साँ के दोस्त बनकर, इन्साँ से प्यार कर लो Around the world in 8 dollars Around the world in 8 dollars Los Angeles भड़कीला, जहाँ Hollywood है रंगीला देखो Disneyland में आकर, परियों का देश धरतीपर दुनिया की सैर कर लो … जब Grand Canyon … Continue reading →

१९६७ – अराउंड द वर्ल्ड – जाने भी दे सनम मुझे | 1967 – Around The World – jane bhi de ae sanam mujhe

जाने भी दे ऐ सनम मुझे अभी जाने जाने जाने जाने दे कल भी तो फिर मिलेंगे हम जाने दे, जाने जाने दे जाने भी दे ऐ सनम मुझे देख रहे हैं दुनियावाले क्या समझेंगे मन के काले छोड़ दे दामन, ओ मतवाले जाने जाने जाने दे जाने भी दे ऐ सनम मुझे … दिल … Continue reading →

१९६७ – अराउंड द वर्ल्ड – जोश-ए-जवानी हाय रे हाय निकले जिधर से | 1967 – Around The World – josh-e-jawani haay re haay nikale jidhar se

जोश-ए-जवानी हाय रे हाय निकले जिधर से धूम मचाए दुनिया का मेला, मैं हूँ अकेला कितना अकेला हूँ मैं शाम का रंगीं शोख़ नज़ारा और बेचारा ये दिल ढूँढके हारा कोई सहारा पर ना मिली मंज़िल जोश-ए-जवानी हाय रे हाय … कोई तो हमसे दो बात करता कोई तो कहता हलो घर ना बुलाता, पर … Continue reading →

१९६७ – रात और दिन – जीना हमको रास न आया, हम जाने क्यूँ जीते हैं | 1967 – Raat Aur Din – jeena hum ko raas na aaya, hum jaane kyun jeete hain

जीना हमको रास न आया, हम जाने क्यूँ जीते हैं क्या सावन क्या भादो, अपने सब दिन रोते बीते हैं जीना हमको रास न आया, हम जाने क्यूँ जीते हैं जीना हमको हमसे तो जग रूठ गया है, एक तुम्हारा क्या शिकवा अब क्यूँ आहें भरते हैं हम, अब क्यूँ आँसू पीते हैं जीना हमको … Continue reading →

१९६७ – रात और दिन – न छेड़ो कल के अफ़्साने, करो इस रात की बातें | 1967 – Raat Aur Din – na chhedo kal ke afsane, karo is raat ki baatein

Film Raat Aur Din Music Director Shankar-Jaikishan Year 1967 Singer(s) Lata Audio Video On Screen Nargis न छेड़ो कल के अफ़्साने, करो इस रात की बातें छलकने दो ये पैमाने, करो इस रात की बातें न छेड़ो कल के अफ़्साने न फिर ये रात आएग़ी, न दिल उछलेगा सीने में न होगी रंग पे महफ़िल, … Continue reading →