मुबारक देने आए थे, मुबारक देके जाते हैं मिला है बहुत कुछ, सीने में जो हम लेके जाते हैं हम तो जाते अपने गाम, अपनी राम-राम-राम अपनी राम-राम-राम, सबको राम-राम-राम हम तो जाते अपने गाम, अपनी राम-राम-राम सबको राम-राम-राम कभी जो कह ना पाए बात, वो होंठों पे अब आई अदालत उठ चुकी है, अब … Continue reading
पते की बात कहेगा, कहेगा जब भी दीवाना मेरी सूरत पे न जाना, मेरी सूरत पे न जाना पते की बात कहेगा, कहेगा जब भी दीवाना वहाँ कुछ देर है प्यारे, नहीं अँधेर है प्यारे जो तुझको ना दिखाई दे, नज़र का फेर है प्यारे तू बहकावे में न आना, है उसका सब जग जाना … Continue reading
हमको समझ बैठी है ये दुनिया दीवाना, दीवाना पर मैं अगर पागल हूँ, दुनिया है पागलख़ाना दीवाना, दीवाना हमको समझ बैठी है ये दुनिया दीवाना, दीवाना चाल बेढ़ंगी, दुनिया दोरंगी, मतलब की अँधी हमको न पूछे, पत्थर पूजे, दौलत की बंदी धोखे में मत आ जाना, दुनिया से दिल ना लगाना है बात ये पते … Continue reading
कैसे मनाऊँ पियवा, गुण मेरे एकहू नाहीं आई मिलन की बेला, घबराऊँ मन माहीं कैसे मनाऊँ पियवा साजन मेरे आए, धड़कन बढ़ती जाए नैना झुकते जाएँ, घूँघट ढलका जाए तुझसे क्यूँ शर्माए, आज तेरी परछांईं कैसे मनाऊँ पियवा मैं अनजान पराई, द्वार तिहारे आई तुमने मुझे अपनाया, प्रीत की रीत निभाई हाय रे, मन की … Continue reading
ऐ दिल न मुझसे छुपा, सच बता क्या हुआ जाने भी दो दिलरुबा, जो हुआ सो हुआ तारे गिने रातभर, जाने कब याद में सो गई वो ख़्वाब था मदभरा, जिसमें बेहोश मैं खो गई कोई नींद में हमसे रूठके, हमको लूटके, चल दिया जाने भी दो दिलरुबा, जो हुआ सो हुआ ऐ दिल न … Continue reading
फिर कोई मुस्कुराया, फिर एक फूल खिला कोई बुलाए और कोई आए, अब दिल चाहे क्या फिर कोई मुस्कुराया, फिर एक फूल खिला ज़िंदगी फिर वही गीत गुनगुनाने लगी इस गली झूमती फिर बहार आने लगी फिर कोई मुस्कुराया … दिल मेरे झूम ले, याद करके उस शाम को बहके हम जिस घड़ी, पीके प्यार … Continue reading
दुनिया की सैर कर लो, दुनिया की सैर कर लो इन्साँ के दोस्त बनकर, इन्साँ से प्यार कर लो Around the world in 8 dollars Around the world in 8 dollars Los Angeles भड़कीला, जहाँ Hollywood है रंगीला देखो Disneyland में आकर, परियों का देश धरतीपर दुनिया की सैर कर लो … जब Grand Canyon … Continue reading
जोश-ए-जवानी हाय रे हाय निकले जिधर से धूम मचाए दुनिया का मेला, मैं हूँ अकेला कितना अकेला हूँ मैं शाम का रंगीं शोख़ नज़ारा और बेचारा ये दिल ढूँढके हारा कोई सहारा पर ना मिली मंज़िल जोश-ए-जवानी हाय रे हाय … कोई तो हमसे दो बात करता कोई तो कहता हलो घर ना बुलाता, पर … Continue reading
तेरी याद ना दिल से जा सकी आती थी नींद कभी-कभी आज तो वो भी ना आ सकी तारों के साए में कितने सपने देखे थे मिलके हमने-तुमने रूठ गए तुम सपने भी रूठे उनको भी मैं ना मना सकी तेरी याद ना दिल से … रातें वो रातें ना, दिन वो दिन हैं मंज़िल … Continue reading
ज़िंदगी का अजब फ़साना है रोते-रोते भी मुस्कुराना है इश्क़ में जानते हैं जान गई फिर भी कहते हैं आज़माना है कैसी मुश्किल है कोई क्या जाने आग को आग से बुझाना है दिल लगाया था पर न थी ये ख़बर मौत का ये भी एक बहाना है दिल तो कहता है तेरे पास चलूँ … Continue reading