आप हुए मेरे बलम मैं तुम्हारी हुई, मान लीजिए अजी मान लीजिए दिल का इरादा, नज़र के इशारे हुए, जान लीजिए अजी जान लीजिए आप हुए मेरे बलम मैं तुम्हारी हुई, मान लीजिए अजी मान लीजिए ग़ैरों की नज़रों से तुमको चुरा लूँ जी चाहता है पलक में छुपा लूँ प्यार की ये डोरी सजन … Continue reading
ओ लड़के, बढ़ते-बढ़ते, तू तो यहाँ भी आ गया ओ लड़की, मर्ज़ी मेरे दिल की, इसमें किसीका क्या गया रस्ते के पार मैं थी खड़ी, हो गई देखा-देखी भोली नज़र लड़ ही पड़ी, आगे की न सोची अब तुम जहाँ, हम भी वहाँ ओ लड़के, बढ़ते-बढ़ते, तू तो यहाँ भी आ गया ओ लड़की, मर्ज़ी … Continue reading
मेरे-तुम्हारे बीच में अब तो ना पर्वत ना सागर निसदिन रहे ख़यालों में तुम, अब हो जाओ उजागर अब आन मिलो सजना, अब आन मिलो सजना, सजना आया मदमाता सावन, फिर रिमझिम की रुत आई फिर मन में बजी शहनाई, फिर प्रीत ने ली अँगड़ाई मेरे-तुम्हारे बीच में अब तो … मैं मन को लाख … Continue reading
जा जा जा मेरे बचपन, कहीं जाके छुप नादाँ ये सफ़र है अब मुश्किल, आने को है तूफ़ाँ जा जा जा मेरे बचपन, कहीं जाके छुप नादाँ ज़िंदगी को नए रंग मिलने लगे एक किरन छू गई, फूल खिलने लगे जा जा जा मेरे बचपन … एक कसक हर घड़ी दिल में रहने लगी जो … Continue reading
हाय तू ही गया मोहे भूल रे मैं हूँ तेरे जीवन की रागिनी हाय तू ही गया मोहे भूल रे तेरे नग़्मे तारे बनकर चमके सबके प्यारे बनकर हाय तू ही गया … फिर से ऐसा राग सुना रे झूम उठें ये ग़म के मारे हाय तू ही गया … haay tuu hii gayaa mohe … Continue reading
अर्ज़ है आपसे, आपसे, और आपसे भी भेद की बात है, अपनों से कही जाती है बालम आएगा, आएगा चिट्ठी आई, ऐतवार की शाम तलक आ जाएगा, आएगा चाहे ग़ैरों को इसका यक़ीं हो न हो मेरा दिल कह रहा था कि आएँगे वो पहली-पहली मुलाक़ात की वो क़सम भूलकर भी नहीं भूल पाएँगे वो … Continue reading
ना बुरे ना भले, हम ग़रीब ग़म के पले तुम क्या जानो हस्ती हमारी, राजा, तुम क्या जानो हस्ती हमारी लाडली ज़िंदगी अपने आँसुओं में ढली तुम क्या जानो ना बुरे ना भले, हम ग़रीब ग़म के पले तुम क्या जानो हस्ती हमारी, राजा, तुम क्या जानो हस्ती हमारी हमारी भी गली में मुस्कुराए चाँदनी … Continue reading
क़िस्मत का खेल है जनाब-ए-आली आपके पास हैं मोती-ख़ज़ाने और अपनी जेब ख़ाली, जेब ख़ाली, जेब ख़ाली निकले बाज़ार से वो मुस्कुराते, बढ़के हर चीज़ पे बोली लगाते हमने गर्दन झुका ली, हाँ झुका ली, लो झुका ली क़िस्मत का खेल है जनाब-ए-आली हमको भी ढूँढ़ती क़िस्मत हमारे घर पे आई लेकिन हम सोए थे … Continue reading
ओ बेदर्दी, आ मिल जल्दी, मिलने के दिन आए कि तेरे बिन अब तो रहा न जाए कारी कोयलिया सुन मेरे छलिया, डार-डार चिल्लए कि तेरे बिन अब तो रहा न जाए, कि तेरे बिन अब तो रहा न जाए फागुन बीता चैत चढ़ गया, घर-घर बजे बधाए डोली लेके हर प्यारी के प्यारे साजन … Continue reading
अहा रे मगन मेरा चंचल मन निसदिन गुनगुन कुछ अपनी ही धुन में गाए पग पायल बाजे रुनझुन-झुन सजना मेरे सुन, अब तुझबिन रहा नहीं जाए जब से दिल में तू आया है, एक जादू-सा मुझपे छाया है एक लहर-सी आई है, तेरे गीतों में दिल लहराया है मेरे घर में चँदा उतर आया है … Continue reading