नैन मिले चैन कहाँ दिल है वहीं तू है जहाँ ये क्या किया सैंया साँवरे तूने ये क्या किया सैंया साँवरे चुप-चुप रहके लुटाया दिल तुझपे एक सुख पाया मैंने सौ दुख सहके, सौ दुख सहके दूर-दूर गली-गली अब तो बात फैल चली ये क्या किया सैंया साँवरे तूने ये क्या किया सैंया साँवरे कौनसे … Continue reading
बड़ी देर भई, बड़ी देर भई बड़ी देर भई, कब लोगे ख़बर मोरे राम चलते-चलते मेरे पग हारे, आई जीवन की शाम कब लोगे ख़बर मोरे राम बड़ी देर भई, बड़ी देर भई कहते हैं तुम हो दया के सागर, फिर क्यूँ ख़ाली मेरी गागर झूमे-झुके कभी ना बरसे, कैसे हो तुम घनश्याम हे राम, … Continue reading
घेरता है गर अँधेरा, ग़म न कर, ग़म न कर दो घड़ी में मुस्कराएगी सहर, तू ग़म न कर घेरता है गर अँधेरा, ग़म न कर, ग़म न कर ढल गया एक और दिन, अच्छा हुआ समझो ज़िंदगी जितनी कटी ग़म कम हुआ समझो शुक्र कर कुछ कम हुआ ज़िंदगानी का सफ़र घेरता है गर … Continue reading
ऊँची-नीची ऊँची-नीची डगर जीवन की चलना सँभलके प्यारे, सँभलके चलना मंज़िल तो है बड़ी दूर मंज़िल तो है बड़ी दूर, सँभलके चलना मंज़िल तो है बड़ी दूर सूने सफ़र में लाखों चोर मिलेंगे तोहे, करनी करेंगे ज़रूर धर्म-कर्म की झोली कहाँ पे गँवाई तूने, पूछेंगे तेरे हुज़ूर संभलके चलना, मंज़िल तो है बड़ी दूर ऊँची-नीची … Continue reading
भय-भंजना वंदना सुन हमारी दरस तेरे माँगे ये तेरा पुजारी भय-भंजना गीतों के फूलों की माला बनाकर लाया हूँ दिल आरती में सजाकर ये साँसों की सरगम करूँ तेरे अर्पण तुझे और क्या दूँ, मैं ठहरा भिखारी दरस तेरे माँगे ये तेरा पुजारी भय-भंजना आजा मधुर स्वप्न-सी मुस्कुराती मन के बुझे दीप हँसकर जलाती जपे … Continue reading
जा जा रे जा बालमवा सौतन के संग रात बिताई काहे करत अब झूठी बतियाँ जा जा रे जा बालमवा ग़ैर के घर करी रात-जगाई मोसे कहे तेरे बिना नींद ना आई कैसो हरजाई दैय्या जा जा रे जा बालमवा … काँधे लगा लाई बिंदिया किसीकी जानूँ मैं चुराई तूने निंदिया किसीकी लाज ना आई … Continue reading
रुलाकर चल दिए एक दिन हँसी बनकर जो आए थे चमन रो-रोके कहता है, कभी गुल मुस्कुराए थे रुलाकर चल दिए एक दिन हँसी बनकर जो आए थे अगर दिल के ज़ुबाँ होती, ये ग़म कुछ कम तो हो जाता उधर वो चुप, इधर सीने में हम तूफ़ाँ छुपाए थे ये अच्छा था न हम … Continue reading
दुनिया ना भाए मोहे, अब तो बुला ले चरणों में, चरणों में तेरे चरणों में, चरणों में मेरे गीत मेरे संग-सहारे कोई ना मेरा संसार में दिल के ये टुकड़े कैसे बेच दूँ दुनिया के बाज़ार में मन के ये मोती रखियो तू सँभाले चरणों में, चरणों में तेरे चरणों में, चरणों में सात सुरों … Continue reading
सुर ना सजे, क्या गाऊँ मैं सुर के बिना जीवन सूना सुर ना सजे, क्या गाऊँ मैं दोनों जहाँ मुझसे रूठे तेरे बिना ये गीत भी झूठे सुर ना सजे … जलते गया जीवन मेरा इस रात का न होगा सवेरा सुर ना सजे … संगीत मन को पंख लगाए गीतों से रिमझिम रस बरसाए … Continue reading
समाँ ये प्यार का, बहार के ये मेले, ऐसे में निकलो ना झूमके अकेले दिन में भी आजकल डर है दिलों के चोर का दिल को जी हम तो उछालते चलेंगे, बहके निगाह तो सँभालते चलेंगे हमपे चलता नहीं जादू नज़र की डोर का समाँ ये प्यार का, बहार के ये मेले आप हमारे लिए … Continue reading