Songs of Shailendra::
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Lyrics

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१९६१ – जब प्यार किसीसे होता है – बिन देखे और बिन पहचाने | 1961 – Jab Pyar Kisise Hota Hai – bin dekhe aur bn pehchane

बिन देखे और बिन पहचाने, तुम पर हम क़ुर्बान मोहब्बत इसको कहते हैं, मोहब्बत इसको कहते हैं गर तुम पर ना मरते, तो जीना था आसान मोहब्बत इसको कहते हैं, मोहब्बत इसको कहते हैं चाहत के संदेसे लेकर आती है शाम गर तुम भी आ जाते, तो आ जाता आराम दिल की बस्ती बस ही … Continue reading

१९६१ – जब प्यार किसीसे होता है – नज़र मेरे दिल के पार हुई | 1961 – Jab Pyar Kisise Hota Hai – nazar mere dil ke paar hui

नज़र मेरे दिल के पार हुई देखो न ऐसे, देखो मेरी हार हुई वही जानता है कि ये दर्द क्या है कभी भूल-से जिसने दिल खो दिया है दिल खो दिया है नज़र मेरे दिल के पार हुई … निगाहें मिलीं और वो मुस्कुराए बस इतने में सब खो गया, हाय हाय हाय, ये क्या … Continue reading

१९५६ – जागते रहो – जागो मोहन प्यारे | 1956 – Jagte Raho – jago mohan pyare

जागो जागो जागो जग उजियारा छाए, मन का अँधेरा जाए किरनों की रानी गाए, जागो हे मेरे मनमोहन प्यारे जाग रे जाग रे जाग, कलियाँ जागीं नगर-नगर सब गलियाँ जागीं जाग रे जाग रे जाग रे, जाग रे जाग रे जाग जाग जागो मोहन प्यारे, जागो नवयुग चूमे नैन तिहारे जागो, जागो, जागो मोहन प्यारे … Continue reading

१९५६ – जागते रहो – ठण्डी-ठण्डी सावन की फुहार | 1956 – Jagte Raho – thandi thandi sawan ki phuahr

ठण्डी-ठण्डी सावन की फुहार, पिया आज खिड़की खुली मत छोड़ो आवे झोंके से पगली बयार, पिया आज बाती जली मत छोड़ो ठण्डी-ठण्डी सावन की फुहार दिये की ज्योति अँखियों में लागे, पलकों पे निंदिया सवार पिया आज बाती जली मत छोड़ो ठण्डी-ठण्डी सावन की फुहार पपीहे ने मन की अग्नि बुझा ली, प्यासा रहा मेरा … Continue reading

१९७१ – जवाँ मोहब्बत – ज़ुल्म-ओ-सितम को भी हम तो अदा समझे | 1971 – Jawan Mohabbat – zulm-o-sitam ko bhi hum to adaa samjhe

ज़ुल्म-ओ-सितम को भी, हम तो अदा समझे पर मेरी चाहत को, जाने वो क्या समझे ख़ुद को भला जाना, मुझको बुरा समझे पर मेरी चाहत को, जाने वो क्या समझे लाया था दिल को नज़र करने, क़ुर्बाँ ये जान-ओ-जिगर करने उनके बिना मेरा हाल है क्या, आया था उनको ख़बर करने टाल दिया लेकिन, मुझको … Continue reading

१९६७ – ज्यूल थीफ़ – रुलाके गया सपना मेरा | 1967 – Jewel Thief – rulake gaya sapna mera

रुलाके गया सपना मेरा, बैठी हूँ कब हो सवेरा रुलाके गया सपना मेरा वही है ग़म-ए-दिल, वही हैं चँदा-तारे हाय, वही हम बेसहारे आधी रात वही है, और हर बात वही है फिर भी न आया लुटेरा रुलाके गया सपना मेरा … कैसी ये ज़िंदगी कि साँसों से हम ऊबे कि दिल डूबा हम डूबे … Continue reading

१९६५ – गुमनाम – ख़यालों में … हम काले हैं तो क्या हुआ | 1965 – Gumnaam – khayalon mein … hum kale hain to kya hua

हमे काले हैं तो क्या हुआ, दिलवाले हैं हम तेरे तेरे तेरे चाहनेवाले हैं हमे काले हैं तो क्या हुआ, दिलवाले हैं ये गोरे गालां तंदाना, ये रेशमी बालां तंदाना ये सोलह सालां तंदाना, हाय तेरे ख़यालां तंदाना हम तेरे तेरे तेरे चाहनेवाले हैं हमे काले हैं तो क्या हुआ, दिलवाले हैं तुम किधर को … Continue reading

१९५६ – हलाकू – दिल का ना करना ऐतबार कोई | 1956 – Halaku – dil ka na karna aitbar koi

दिल का ना करना ऐतबार कोई भूले-से भी ना करना प्यार कोई लाख मनाया दिल ना माना जानके धोखे में आया दीवाना किसका हुआ है दिल-ए-ज़ार कोई दिल का ना करना … क्यूँ कहते हो प्यार किया था कह दो किसीसे दर्द लिया था बदले में ले गया क़रार कोई दिल का ना करना … … Continue reading

१९६२ – हाफ़ टिकट – चाँद रात तुम हो साथ | 1962 – Half Ticket – chand raat tun ho sath

चाँद-रात, तुम हो साथ क्या करें, अजी अब तो दिल मचल-मचल गया दिल का ऐतबार क्या क्या करोगे जी, कल जो ये बदल-बदल गया जुल्मी नज़र, कैसी निडर, दिल चुरा लिया जाने किस अजब-से देश में बुला लिया ये भी कोई दिल है क्या जहाँ मौका मिला फिसल-फिसल गया चाँद-रात, तुम हो साथ … सुनिये … Continue reading

१९६२ – हमराही – मन रे तू ही बता क्या गाऊँ | 1962 – Hamrahi – man re tu hi bata kya gaoon

मन रे तू ही बता क्या गाऊँ कह दूँ अपने दिल के दुखडे, या आँसू पी जाऊँ मन रे तू ही बता क्या गाऊँ जिसने बरबस बाँध लिया है इस पिंजरे में क़ैद किया है कब तक मैं उस पत्थर-दिल का जी बहलाती जाऊँ मन रे तू ही बता क्या गाऊँ … नींद में जब … Continue reading