Songs of Shailendra::
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Amarendra R N

Amarendra R N has written 570 posts for शैलेंद्र के गीत | Songs of Shailendra

१९६६ – लव इन टोकियो – कोई मतवाला आया मेरे द्वारे | 1966 – Love In Tokyo – koi matwala aaya mere dware

कोई मतवाला आया मेरे द्वारे अँखियों से कर गया अजब इशारे कोई मतवाला आया मेरे द्वारे क्या मन उसके मैं क्या जानूँ छलिया को मैं क्या पहचानूँ जाने क्यूँ मेरा नाम पुकारे कोई मतवाला आया … जबसे गया है भोला बचपन नैना चंचल, नटखट है मन अब नहीं कुछ भी बस में हमारे कोई मतवाला … Continue reading

१९५३ – माशूक़ा – मासूम दिल की हाँ पे न कह दिया | 1953 – Maashuqa – masoom dil ki haan pe na keh diya

ज़मीं भी चुप, आसमाँ भी चुप है किसीकी दुनिया उजड़ रही है बता ऐ मालिक, ये कैसी क़िस्मत जो बनते-बनते बिगड़ रही है मासूम दिल की हाँ पे ना कह दिया किसीने और बस इसी बहाने, ग़म दे दिया किसीने बाद-ए-सबा जो आई, और फूल मुस्कुराए सहलाके ज़ख़्म मेरे, बहला दिया किसीने और बस इसी … Continue reading

१९५९ – लव मैरिज – टीन-कनस्तर पीट-पीटकर गला फाड़कर | 1959 – Love Marriage – teen kanasta peet peetkar

टीन-कनस्तर पीट-पीटकर, गला फाड़कर चिल्लाना यार मेरे, मत बुरा मान, ये गाना है न बजाना है टीन-कनस्तर नाच के बदले कमर नचाना, उछलके सर्कस दिखलाना भूल है तेरी, तू समझा है दुनिया पागलख़ाना है टीन-कनस्तर उधर से लेकर इधर जमाकर, कब तक काम चलाओगे किसका रहा ज़माना, एक दिन महफ़िल से उठ जाओगे नक़ल का … Continue reading

१९५३ – माशूक़ा – आओ श्यामसुंदर अब तो शाम हो चली | 1953 – Maashuqa – aao shyamsundar ab to shaam ho chali

एक आस एक आसरा है तेरे नाम का आसरा है श्याम का एक दीप तेरा ये जहाँ, जहाँ मेरा और कोई नहीं टूट गईं डोर सभी, एक आस बाक़ी रही, श्याम से मिलन की आओ श्यामसुंदर, अब तो शाम हो चली जीवन की मोरे नैन झरे, नैना रोवें जैसे घटा सावन की आओ श्यामसुंदर, अब … Continue reading

१९५९ – लव मैरिज – दिल से दिल टकराए फिर दोनों घबराए | 1959 – Love Marriage – dil se dil takraye, phir donon ghabraye

दिल से दिल टकराए, फिर दोनों घबराए सब्र की डोरी टूट गई तो लव मैरिज कर लाए, लव मैरिज कर लाए वो उत्तर के पँछी थे, और वो दक्खिन की मैना एक रोज़ एक बाग़ में, यूँही लड़ गए नैना दिल देके घर आए, घर आके पछताए सब्र की डोरी टूट गई तो लव मैरिज … Continue reading

१९५३ – माशूक़ा – झिलमिल तारे करें इशारे | 1953 – Maashuqa – jhilmil tare karen ishare

झिलमिल तारे करें इशारे, सो जा, सो जा, सो जा राजदुलारे बन अलबेली नार नवेली निंदिया, निंदिया आई नैन-दुवारे मतलब की अँधी ये दुनिया, कैसे हमें पहचाने दिल के टुकड़े मेरे, दिल के दर्द को तू ही जाने सब कोई सोवे, पर हम रोवें, जागें जागें, जागें ग़म के मारे सुंदर सपने देख मगर, तू … Continue reading

१९५३ – माशूक़ा – ये समाँ हम-तुम जवाँ | 1953 – Maashuqa – ye sama hum tum jawan

ये समाँ, हम-तुम जवाँ, पहलू से दिल सरक जाए ये प्यार की टेढ़ी गली, अब छोड़ी न जाए, हाय रे हाय मिल जाए गर तुझसे नज़र, नन्हा-सा दिल धड़क जाए ये प्यार की टेढ़ी गली, अब छोड़ी न जाए, हाय रे हाय भीगी-भीगी ये चाँदनी रात आँखों-ही-आँखों में जाए रे मैं कुछ कहूँ दिल कुछ … Continue reading

१९५३ – माशूक़ा – मेरा बचपन वापस आया | 1953 – Maashuqa – mera bachpan wapas aaya

मेरा बचपन वापस आया, बलैयां लूँ मैं बार-बार हो गल-बैय्यां डार मुस्काया, बलैयां लूँ मैं बार-बार, हो अपना सबकुछ देके, लाल मैं तेरी ख़ैर मनाऊँ नज़र ना लागे दुनिया की, तुझे पलकों में मैं छुपाऊँ मेरी गोदी में सब जग आया, बलैयां लूँ मैं बार-बार, हो तू में दिन का सूरज, रात को चँदा की … Continue reading

१९६७ – लाट साहब – ऐ चाँद ज़रा छुप जा, ऐ वक़्त ज़रा रुक जा | 1967 – Laat Saheb – ae chand zara chhup ja, ae waqt zara ruk ja

ऐ चाँद ज़रा छुप जा, ऐ वक़्त ज़रा रुक जा एक बात है होँठों पे, कह लूँ तो क़रार आए, एक बोझ तो हट जाए ऐ चाँद ज़रा छुप जा, ऐ वक़्त ज़रा रुक जा रुख़ उनका इधर को है, अब क्यूँ न बहार आए, दुनिया न बदल जाए ऐ चाँद ज़रा छुप जा, ऐ … Continue reading

१९६६ – कुँवारी – प्यार के पलछिन बीते हुए दिन २ | 1966 – Kunwari – pyar ke palchhin beete hue din 2

प्यार के पलछिन, बीते हुए दिन हम तो ना भूले, तुम भूल गए देखे थे हमने मिलके जो सपने हम तो ना भूले, तुम भूल गए प्यार के पलछिन सूनी रैना, ये अँधियारा इस नदिया का जाने कहाँ है किनारा साथ तुम्हारा, बाँहों का सहारा हम तो ना भूले, तुम भूल गए प्यार के पलछिन, … Continue reading